(India This Week) Weekly Current Affair (22nd January - 28th January 2021)

India This Week Weekly Current Affairs


इण्डिया दिस वीक कार्यक्रम का मक़सद आपको हफ्ते भर की उन अहम ख़बरों से रूबरू करना हैं जो आपकी परीक्षा के लिहाज़ से बेहद ही ज़रूरी है। तो आइये इस सप्ताह की कुछ महत्वपूर्ण ख़बरों के साथ शुरू करते हैं इस हफ़्ते का इण्डिया दिस वीक कार्यक्रम...

न्यूज़ हाईलाइट (News Highlight):

  • हर साल की तरह इस साल भी मनाया गया गणतंत्र दिवस.....दिल्ली के राजपथ पर निकली परेड...अलग-अलग राज्यों की झलकियों के साथ देश की सेना की ताकत दिखाई दी...साथ ही विभिन्न क्षेत्रों के लोगों को पद्म पुरस्कारों से सम्मानित किया गया…
  • लोगों में देशभक्ति की भावना को जागृत करने और देश की समृद्ध सांस्कृतिक विविधता को बढ़ावा देने के लिए... 26 जनवरी से 31 जनवरी, 2021 तक किया जायेगा.... भारत पर्व’ का वर्चुअल आयोजन....
  • भारत सरकार ने आदिवासी प्रवासी श्रमिकों का डाटा एकत्र करने के लिए किया श्रमशक्ति पोर्टल लॉन्च....यह पोर्टल प्रवासी श्रमिकों को भी सशक्त करेगा, जो आम तौर पर आय सृजन और रोजगार की तलाश में देश-प्रदेश में आवाजाही करते हैं....
  • भारत ने की घोषणा....वह नही करता “परमाणु हथियारों के निषेध पर संधि” का समर्थन....report में समझिये आखिर भारत “परमाणु हथियारों के निषेध पर संधि” का समर्थन क्यों नहीं कर रहा है?
  • 29 जनवरी को पेश किया गया , आर्थिक सर्वेक्षण 2020-21.. इस साल के आर्थिक सर्वेक्षण का प्रमुख फोकस है कोविड-19 महामारी के नुकसान और प्रभाव...
  • अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष ने “विश्व आर्थिक आउटलुक, 2021” रिपोर्ट की जारी.... भारत मुख्य अर्थव्यवस्थाओं में सबसे मजबूत वृद्धि दर करेगा हासिल.....
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया जलवायु अनुकूलन शिखर सम्मेलन 2021 को वर्चुअली संबोधित....जलवायु परिवर्तन को बताया महत्वपूर्ण.....और विकास के लिए बताया भारत के प्रयासों में इसकी अहम भूमिका....
  • भारतीय रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन ने किया ओडिशा के इंटीग्रेटेड टेस्ट रेंज से आकाश-एनजी मिसाइल का सफल परीक्षण....दुश्मन के हवाई हमले को नस्तेनाबूत करेगी आकाश-एनजी मिसाइल ....

खबरें विस्तार से:

1.

72वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर विभिन्न क्षेत्रों के 119 लोगों को पद्म पुरस्कारों से सम्मानित किया है...बतादें इन पुरस्कारों को भारत के राष्ट्रपति द्वारा राष्ट्रपति भवन में समारोह में प्रदान किया जाता है....

गोरतलब हो की साल 2021 में, राष्ट्रपति ने 119 पद्म पुरस्कारों को मंजूरी दी है....इस सूची में 7 पद्म विभूषण, 10 पद्म भूषण और 102 पद्म श्री पुरस्कार हैं....वहीँ महिला पुरस्कार विजेताओं की संख्या 29 उनतीस है....

इसमें विदेशियों की श्रेणी के 10 व्यक्ति या एनआरआई या पीआईओ या ओसीआई, 16 मरणोपरांत पुरस्कार पाने वाले और 1 ट्रांसजेंडर अवार्ड विजेता शामिल हैं....

जहाँ श्री राम विलास पासवान को सार्वजनिक मामलों की श्रेणी में पुरस्कार (मरणोपरांत) प्रदान किया गया...

एक नज़र पद्म पुरस्कार पर

पद्म पुरस्कार देश के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कारों में से एक है...यह पुरस्कार तीन श्रेणियों में दिया जाता है : पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री....यह कला, सार्वजनिक मामलों, सामाजिक कार्य, व्यापार और उद्योग, विज्ञान और इंजीनियरिंग, चिकित्सा, साहित्य, शिक्षा, खेल और नागरिक सेवा सहित विभिन्न विषयों और गतिविधियों के क्षेत्रों में दिया जाता है....

पद्म विभूषण

यह भारत गणराज्य का दूसरा सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार है...यह पुरस्कार 2 जनवरी, 1954 को स्थापित किया गया था....यह पुरस्कार “असाधारण और विशिष्ट सेवा” के लिए दिया जाता है....1954 चौवन में सत्येंद्र नाथ बोस, जाकिर हुसैन, बालासाहेब गंगाधर खेर, नंद लाल बोस इस पुरस्कार को प्राप्त करने वाले प्रथम विजेता थे.....

एक नज़र साल 2021 में, इस पुरस्कार के विजेताओं पर...

  1. श्री शिंजो आबे – सार्वजनिक मामले – जापान
  2. श्री एस.पी. बालासुब्रमण्यम (मरणोपरांत) – कला – तमिलनाडु
  3. श्री सुदर्शन साहू – कला – ओडिशा
  4. बेले मोनप्पा हेगड़े – चिकित्सा – कर्नाटक
  5. श्री बी.बी. लाल व अन्य – पुरातत्व – दिल्ली
  6. श्री नरिंदर सिंह कपनी (मरणोपरांत) – विज्ञान और इंजीनियरिंग – अमेरिका
  7. मौलाना वहीदुद्दीन खान – आध्यात्मिकता – दिल्ली

पद्म भूषण

यह भारत में तीसरा सबसे बड़ा नागरिक पुरस्कार है...इस पुरस्कार की स्थापना 2 जनवरी, 1954 चौवन को की गयी थी....

पद्म श्री

भारत रत्न, पद्म विभूषण और पद्म भूषण के बाद यह भारत का चौथा सबसे बड़ा नागरिक पुरस्कार है....यह भारत सरकार द्वारा हर साल 1954 चौवन के बाद से गणतंत्र दिवस के अवसर पर प्रदान किया जाता है....

2.

भारत की भावना को मनाने वाले वार्षिक कार्यक्रम ‘भारत पर्व’ का आयोजन वर्चुअली 26 जनवरी से 31 जनवरी, 2021 तक किया जा रहा है....भारत पर्व का आयोजन ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ की थीम पर किया जा रहा है...

इस वर्चुअल इवेंट के तहत राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के थीम वाले मंडप अपने पर्यटन स्थलों, हस्तशिल्प, भोजन और अन्य सुविधाओं का प्रदर्शन करेंगे....इसका उद्घाटन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने किया था....

भारत पर्व के वर्चुअल इवेंट में गणतंत्र दिवस परेड की झलक और सशस्त्र बलों के संगीत बैंडों की रिकॉर्डिंग भी उपलब्ध होगी। इस इवेंट में, सेंट्रल इंस्टीट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट और इंडियन कलिनरी इंस्टिट्यूट भी वीडियो के माध्यम से अपनी पाक-कला का प्रदर्शन करेंगे।

एक नज़र भारत पर्व पर

पर्यटन मंत्रालय द्वारा हर साल ‘भारत पर्व’ का आयोजन किया जाता है....इसे साल 2016 में शुरू किया गया था....बतादें यह कार्यक्रम गणतंत्र दिवस समारोह के अवसर पर लाल किले की प्राचीर के सामने आयोजित किया जाता है...

देशभक्तिपूर्ण उत्साह पैदा करने के उद्देश्य से कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।यह भारत की समृद्ध और विविध सांस्कृतिक को भी प्रदर्शित करता है....इस पर्व में देश भर के हस्तशिल्प, संगीत, नृत्य, हथकरघा, पेंटिंग, साहित्यिक सामग्री और अन्य विशेषताओं को केंद्रीय मंत्रालयों और अन्य संगठनों जैसे संस्कृति मंत्रालय, आयुष मंत्रालय, सूचना व प्रसारण मंत्रालय की मीडिया इकाइयों, रेल मंत्रालय इत्यादि द्वारा प्रदर्शित किया जाता है...

3.

जनजातीय मामलों के मंत्री, अर्जुन मुंडा ने डिजिटल पोर्टल ‘श्रमशक्ति’ की शुरुआत करते हुए यह कहा कि, प्रवासी श्रमिकों के बारे में वास्तविक समय के आंकड़ों की कमी केंद्र और राज्य सरकारों के सामने सबसे बड़ी चुनौती है....

प्रवासी श्रमिकों के बारे में डाटा की अनुलब्धता भी सरकारों को प्रवासी श्रमिकों के कल्याण के लिए प्रभावी नीतिगत निर्णय और रणनीति तैयार करने से रोक रही थी....

बतादें ‘श्रमशक्ति’ डिजिटल पोर्टल डाटा अंतर को सफलतापूर्वक दूर करने में सक्षम होगा और प्रवासी श्रमिकों को भी सशक्त करेगा, जो आम तौर पर आय सृजन और रोजगार की तलाश में देश-प्रदेश में आवाजाही करते हैं....

क्या है श्रमशक्ति पोर्टल

‘श्रमशक्ति’ पोर्टल के माध्यम से एकत्र किए गए डाटा में आजीविका विकल्प जनसांख्यिकीय प्रोफ़ाइल, माइग्रेशन पैटर्न और कौशल मानचित्रण शामिल होंगे....जनजातीय मामलों के मंत्री, अर्जुन मुंडा के अनुसार, कोविड - 19 महामारी के कारण तालाबंदी/ लॉकडाउन की घोषणा के बाद देश भर के प्रवासियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है. उन्होंने आगे यह कहा कि, आदिवासी का प्रवास संकट से प्रेरित होता है और इसके साथ ही प्रवासियों को असुरक्षित और कठिन परिस्थितियों ज्यादा प्रभावित करती हैं.

श्रमसाथी: जनजातीय प्रशिक्षण मॉड्यूल

वहीँ जनजातीय मामलों के मंत्री ने आदिवासी प्रशिक्षण मॉड्यूल 'श्रमसाथी' भी लॉन्च किया....यह सुनिश्चित करेगा कि आजीविका प्रवासन की प्रक्रिया उत्पादक और सुरक्षित हो....

प्रशिक्षण के बाद आदिवासी प्रवासी श्रमिक, ऐसी सेवाओं और साथ ही उन अधिकारों की मांग कर सकेंगे, जो प्रवासन से पहले उनके गांवों में और उनके प्रवास के बाद उनके संबद्ध शहर में सामाजिक सुरक्षा और आजीविका से संबंधित हैं....

4.

हाल ही में भारत ने एक घोषणा की कि वह “परमाणु हथियारों के निषेध पर संधि” का समर्थन नहीं करता है और यह संधि के लिए बाध्य नहीं है...report में आईये समझते है मुख्या बातों जो...

गोरतलब हो की संयुक्त राष्ट्र महासभा यानी UNGA ने साल 2017 में “परमाणु हथियारों के निषेध पर संधि” को मंजूरी दी थी....हालाँकि, परमाणु हथियार रखने वाले नौ देशों ने इसका समर्थन नहीं किया है...नाटो गठबंधन द्वारा भी इस संधि का समर्थन नहीं किया गया था....उसके बावजूद, संधि 22 जनवरी, 2021 को लागू हुई....

इस पर भारत का रुख

भारत का कहना है कि, यह उच्च प्राथमिकता प्रदान करता रहेगा और सार्वभौमिक, गैर-भेदभावपूर्ण और सत्यापन योग्य परमाणु निरस्त्रीकरण के लिए प्रतिबद्ध रहेगा....विदेश मंत्रालय ने आगे कहा, क्योंकि भारत ने परमाणु हथियार निषेध पर संधि पर वार्ता में भाग नहीं लिया, इसलिए भारत इस संधि का हिस्सा नहीं बनेगा....

हालाँकि, भारत ने “व्यापक परमाणु हथियार निरस्त्रीकरण सम्मेलन सम्मेलन” यानी Comprehensive Nuclear Weapons Convention in the Conference on Disarmament पर वार्ता शुरू करने के लिए अपना समर्थन दिखाया था...यह एकमात्र बहुपक्षीय निरस्त्रीकरण वार्ता मंच है जो सर्वसम्मति के आधार पर काम करता है....

क्या है परमाणु हथियारों के निषेध पर संधि यानी Treaty on the Prohibition of Nuclear Weapons-TPNW

परमाणु हथियारों के निषेध पर संधि को शुरू में जुलाई 2017 में अपनाया गया था और जनवरी 2021 में लागू हुआ...इस संधि का मुख्य उद्देश्य परमाणु हथियारों के उपयोग पर रोक लगाना है...

5.

आने वाली 29 तारीख़ को आर्थिक सर्वेक्षण 2020-21 को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किया जाएगा...इस साल के आर्थिक सर्वेक्षण का प्रमुख फोकस कोविड-19 महामारी के नुकसान और प्रभाव हैं...आर्थिक सर्वेक्षण दस्तावेज मुख्य आर्थिक सलाहकार के मार्गदर्शन में आर्थिक मामलों के विभाग के अर्थशास्त्र प्रभाग द्वारा तैयार किया जाता है....

इसके बाद, इस दस्तावेज़ को वित्त मंत्री द्वारा अनुमोदित किया जाता है और उसे संसद में पेश किया जाता है....आर्थिक सर्वेक्षण 2020-21 के बाद केंद्रीय बजट 2020-21, 1 फरवरी को पेश किया जाएगा...

आर्थिक सर्वेक्षण

बतादें आर्थिक सर्वेक्षण वित्त मंत्रालय का एक वार्षिक दस्तावेज है...यह पिछले 12 महीनों में देश की आर्थिक प्रगति और मुद्दों की समीक्षा करता है...इस सर्वेक्षण में सरकार द्वारा शुरू की गई प्रमुख विकासात्मक योजनाओं के प्रदर्शन से संबंधित जानकारी दी जाती है....यह दस्तावेज़ प्रमुख सरकारी नीतियों के प्रदर्शन और उनके प्रभाव की व्याख्या भी करता है....

आर्थिक सर्वेक्षण प्रमुख राजकोषीय विकास, व्यापक आर्थिक कारकों, मुद्रास्फीति और अन्य आर्थिक कारकों पर चर्चा करता है....इस दस्तावेज़ में देश की अर्थव्यवस्था पर कृषि, जलवायु परिवर्तन और रोजगार के प्रभाव पर भी प्रकाश डाला जाता है.....पहला आर्थिक सर्वेक्षण 1950-51 में प्रस्तुत किया गया था....हालांकि, 1964 चौंसठ तक इसे बजट के साथ प्रस्तुत किया जाता था....

6.

हाल ही में, अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने “विश्व आर्थिक आउटलुक, 2021” रिपोर्ट जारी की है....आईये एक नज़र डालते है रिपोर्ट के मुख्य बिंदु पर....

विश्व आर्थिक आउटलुक, 2021 रिपोर्ट में कहा गया है कि, भारत मुख्य अर्थव्यवस्थाओं में सबसे मजबूत वृद्धि दर हासिल करेगा.....2021 में भारत की अर्थव्यवस्था 5 प्रतिशत की दर से बढ़ेगी....हालांकि, साल 2022 के लिए विकास दर 8 प्रतिशत रहने की भविष्यवाणी की गई है.....इस रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि 2021 के लिए वैश्विक विकास दर 2% रहेगी....विश्व की आर्थिक वृद्धि दर 2022 में 2% रहने का अनुमान है....इस रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका 2021 में 1 प्रतिशत की वृद्धि दर प्राप्त करेगा....

क्या है अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF)

आईएमएफ एक अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थान है...इसका मुख्यालय वाशिंगटन डीसी में है...बतादें इस संस्था में 190 देश शामिल हैं जो वैश्विक मौद्रिक सहयोग को बढ़ावा देने, अंतर्राष्ट्रीय व्यापार को सुविधाजनक बनाने, वित्तीय स्थिरता को सुरक्षित रखने, उच्च रोजगार और सतत आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए मिलकर काम करते हैं...यह अपने संसाधनों के लिए विश्व बैंक पर निर्भर है...इसकी स्थापना वर्ष 1944 चौवालिस में ब्रेटन वुड्स सम्मेलन में की गई थी....हालाँकि, यह औपचारिक रूप से 1945 पैंतालिस में अस्तित्व में आया...

क्या है विश्व आर्थिक आउटलुक (WEO)

बतादें यह रिपोर्ट अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष द्वारा तैयार की गई है... यह आईएमएफ के आर्थिक विकास और नीतियों की निगरानी के प्रमुख हिस्सों का विश्लेषण करती है.. यह रिपोर्ट आमतौर पर साल में दो बार तैयार की जाती है...

7.

हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जलवायु अनुकूलन शिखर सम्मेलन 2021 को वर्चुअली संबोधित किया...जहाँ उन्होंने जलवायु अनुकूलन के लिए भारत की प्रतिबद्धताओं को दोहराया....इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा इस साल के आखिर में भारत में आयोजित होने वाली आपदा रोधी संरचना पर तीसरे अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लेने के लिए सभी देशों को आमंत्रित भी किया गया..आईये report में जानते है...... जलवायु अनुकूलन शिखर सम्मेलन 2021 के बारे में...

नीदरलैंड की सरकार ने 25 जनवरी 2021 को वर्चुअल माध्यम से अंतर्राष्ट्रीय जलवायु अनुकूलन शिखर सम्मेलन (Climate Adaptation Summit) की मेजबानी की...यह सम्मेलन, 2021 में ग्लासगो में आयोजित होने वाले संयुक्त राष्ट्र जलवायु कार्रवाई शिखर सम्मेलन UNFCCC- COP26 के लिए जलवायु आपातकाल के अग्रणी समाधान प्रदर्शित करने और जलवायु अनुकूलन की गति को बनाए रखने में मददगार होगा....

इस शिखर सम्मेलन में नए निवेश आकर्षित करने पर महत्वपूर्ण ध्यान केंद्रित किया गया, ताकि खाद्य उत्पादन पर जलवायु प्रभावों के प्रति लाखों छोटे किसानों की अनुकूलता को सुनिश्चित किया जा सके....

जलवायु अनुकूलन के लिए भारत की प्रमुख प्रतिबद्धताएं

भारत का लक्ष्य साल 2030 तक नवीनीकृत ऊर्जा की क्षमता को बढ़ाकर 450 गीगावाट करना है....भारत में एलईडी लाइट्स के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया जा रहा है और वार्षिक रूप से 39 उनतालीस मिलियन टन कार्बन-डाय-ऑक्साइड के उत्सर्जन को कम किया जा रहा है...

भारत ने 2030 तक 26 मिलियन हेक्टेयर अन-उपजाऊ भूमि को हरा-भरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है...इसके अलावा 80 मिलियन ग्रामीण परिवारों को खाना पकाने के लिए स्वच्छ ईंधन प्रदान किया जा रहा है...भारत में 64 चौसंठ मिलियन घरों को पाइप के द्वारा जल आपूर्ति से जोड़ने का कार्य भी तेजी से चल रहा है....

भारत ने अंतरराष्ट्रीय सौर संगठन और आपदा रोधी ढांचे के लिए हुए गठबंधन के साथ मिलकर वैश्विक जलवायु भागीदारी को भी मजबूत किया है....

UNFCCC के COP26 के बारे में

संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन फ्रेमवर्क सम्मेलन (UNFCCC) की पार्टियों की वार्षिक बैठक को UNFCCC-COP के नाम से जाना जाता है....इस बैठक के 26वें सत्र UNFCCC-CoP26 का आयोजन 1 से 12 नवंबर, 2021 के दौरान स्कॉटलैंड के ग्लासगो में किया जाना है....शिखर सम्मेलन के इस सत्र की अध्यक्षता यूनाइटेड किंगडम द्वारा की जाएगी...गौरतलब है कि CoP1 का आयोजन बर्लिन में 1995 पंचानवे में किया गया था....

8.

रक्षा अनुसंधान व विकास संगठन यानी DRDO ने सतह से हवा में मार करने वाली आकाश-एनजी न्यू जनरेशन मिसाइल का ओडिशा तट से सफलतापूर्वक परीक्षण किया है....यह मिसाइल हवाई खतरों को रोक सकती है....इस मिसाइल को भारतीय वायु सेना की रक्षा प्रणाली को बढ़ावा देने के लिए लॉन्च किया गया है....

रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन ने ओडिशा के तट से दूर एकीकृत परीक्षण रेंज यानी Integrated Test Range से आकाश-एनजी (नई पीढ़ी) मिसाइल का पहला सफल प्रक्षेपण किया है...

आकाश-एनजी(Akash-NG), एक नई पीढ़ी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल (Surface to Air Missile) है...आकाश-एनजी मध्यम दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल रक्षा प्रणाली है...इसे रक्षा अनुसंधान व विकास संगठन (DRDO) द्वारा विकसित किया गया है...

इस मिसाइल का निर्माण संयुक्त रूप से भारत डायनेमिक्स लिमिटेड (BDL) द्वारा किया गया है....इस मिसाइल सिस्टम का निर्माण भारत डायनेमिक्स लिमिटेड (BDL) द्वारा किया गया है...भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL), टाटा पावर स्ट्रेटेजिक इंजीनियरिंग डिवीजन और लार्सन एंड टुब्रो ने रडार, नियंत्रण केंद्र, लॉन्चर सिस्टम विकसित किया है...

मिसाइल में 18,000 मीटर की ऊंचाई पर 50-60 किमी दूर तक विमान को निशाना बनाने की क्षमता है...यह मिसाइल लड़ाकू विमान, क्रूज मिसाइल और हवा से सतह पर मार करने वाली मिसाइल जैसे हवाई लक्ष्यों को बेअसर कर सकती है...यह मिसाइल भारतीय सेना और भारतीय वायु सेना के संचालन में है....

यह एक इंटीग्रेटेड रैमजेट-रॉकेट प्रणोदन प्रणाली का उपयोग करती है....दिसंबर 2020 में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में सुरक्षा पर कैबिनेट समिति ने आकाश मिसाइल रक्षा प्रणाली के निर्यात को मंजूरी दी थी....उसके बाद फिलीपींस, मलेशिया, थाईलैंड, बेलारूस, यूएई और वियतनाम सहित कई देशों ने आकाश मिसाइल प्रणाली में अपनी रुचि दिखाई है...

आकाश-एनजी की विशेषता

आकाश बैटरी में सिंगल राजेंद्र 3D पैसिव इलेक्ट्रॉनिक स्कैन्ड ऐरे रडार और तीन मिसाइलों के साथ चार लांचर शामिल हैं... प्रत्येक बैटरी 64 चौसठ लक्ष्यों को ट्रैक कर सकती है और 12 तक हमला कर सकती है....इसमें 60 किलोग्राम उच्च विस्फोटक, पूर्व-खंडित वारहेड शामिल हैं...यह मिसाइल वाहनों के काफिले की रक्षा करने में सक्षम है...यह 2,000 किमी के क्षेत्र के लिए वायु रक्षा मिसाइल कवरेज प्रदान करता है...

एक नज़र Passive Electronically Scanned Array यानी PESA पर

PESA एक एंटीना है जिसमें रेडियो तरंगों के बीम को इलेक्ट्रॉनिक रूप से अलग-अलग दिशाओं में इंगित करने के लिए निर्देशित किया जा सकता है....PESA का उपयोग रडार में अत्यधिक किया जाता है...

तो ये थी पिछली सप्ताह की कुछ महत्वपूर्ण ख़बरें...आइये अब आपको लिए चलते हैं इस कार्यक्रम के बेहद ही ख़ास सेगमेंट यानी इंडिया राउंडअप में.... जहां आपको मिलेंगी हफ्ते भर की कुछ और ज़रूरी ख़बरें, वो भी फटाफट अंदाज़ में...

फटाफट न्यूज़ (India Roundup):

1. कैबिनेट ने पीएसयू निजीकरण पर नीति को मंज़ूरी दी

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (पीएसयू) के निजीकरण पर नीति को मंजूरी दे दी है... इस नीति के बारे में विवरण आगामी केंद्रीय बजट में घोषित किया जाएगा जो 1 फरवरी, 2021 को प्रस्तुत किया जाएगा...यह नीति रणनीतिक और गैर-रणनीतिक क्षेत्रों में सरकारी स्वामित्व वाली संस्थाओं की उपस्थिति के लिए एक रोड मैप प्रस्तुत करेगी....यह नीति आत्मनिर्भर भारत पैकेज का हिस्सा है जिसकी घोषणा वित्त मंत्री ने मई 2020 में की थी.... सरकार ने रणनीतिक क्षेत्रों में सार्वजनिक उपक्रमों की उपस्थिति को एक से चार तक सीमित करने की भी घोषणा की थी...सरकार शेष कंपनियों का निजीकरण, विलय या एक होल्डिंग कंपनी के तहत लाने का प्रयास कर रही है....इस नीति के लागू होने के बाद, सरकार गैर-रणनीतिक क्षेत्रों में कंपनियों से पूरी तरह से बाहर निकल जाएगी....गैर-रणनीतिक क्षेत्र की कंपनियों के निजीकरण के मामले पर बारी-बारी से निर्णय लिया जाएगा....

2. 15 साल से पुराने वाहनों को हटाने के लिए स्क्रैप नीति लागू

सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने 15 वर्ष से पुराने वाहनों को हटाने के लिए स्क्रैप नीति को 01 अप्रैल 2022 से लागू करने की घोषणा की है. बता दें कि साल 2019 जुलाई में सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों को देश में बढ़ावा देने के लिए 15 साल से ज्यादा पुराने वाहनों को हटाने की अनुमति देने के लिए मोटर वाहन मानदंडों में संशोधन का प्रस्ताव किया था...

3. जर्मनवॉच के ग्लोबल क्लाइमेट रिस्क इंडेक्स 2021 में भारत को मिला 7वां स्थान

ग्लोबल क्लाइमेट रिस्क इंडेक्स 2021 ने हाल ही में उन देशों की सूची जारी की जो 2019 में जलवायु परिवर्तन के चलते सबसे ज्यादा प्रभावित हुए थे. इस लिस्ट में भारत 7वें स्थान पर है. इस सूची में मोजाम्बिक, जिम्बाब्वे, बहामास, जापान, मलावी और अफगानिस्तान, भारत से पहले के स्थानों पर यथाक्रम मौजूद हैं. बॉन स्थित जर्मनवॉच नाम के पर्यावरण संगठन ने एक लिस्ट जारी की है जिसमें साल 2000 से 2019 में हुई तीव्र और भयानक मौसम की घटनाओं के आधार पर उन देशों को शामिल किया गया है जो जलवायु परिवर्तन के चलते सर्वाधिक प्रभावित हुए हैं...

4. महाराष्ट्र सरकार ने एक ऑनलाइन कार्यक्रम के माध्यम से ‘जेल पर्यटन’ पहल की शुरुआत की

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने हाल ही में एक ऑनलाइन कार्यक्रम के माध्यम से ‘जेल पर्यटन’ पहल की शुरुआत की है. पुणे की 150 वर्ष पुरानी यरवदा जेल से शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य आम लोगों को ऐतिहासिक जेलों को नज़दीक से देखने की सुविधा प्रदान करना है. इस पहल के माध्यम से स्कूल और कॉलेज के छात्रों, इतिहास के जानकारों और आम नागरिकों को हमारे इतिहास के एक नवीन पहलू को अनुभव करने में सहायता मिलेगी.

5. जस्टिस पीवी संजय कुमार को मणिपुर हाईकोर्ट का चीफ जस्टिस बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी

सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम ने पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट के जज जस्टिस पीवी संजय कुमार को मणिपुर हाईकोर्ट का चीफ जस्टिस बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी...जस्टिस कुमार आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट में 2000 से 2003 तक सरकारी अभियोजक के तौर पर सेवाएं दे चुके हैं. उन्हें अगस्त, 2008 में हाईकोर्ट में अतिरिक्त जज बने और 20 जनवरी 2010 को स्थायी जज के तौर पर कार्यभार संभाला....जस्टिस कुमार 14 अक्टूबर 2019 को पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट में जज बने थे.

6. 24 जनवरी को अंतरराष्ट्रीय शिक्षा दिवस मनाया गया

शिक्षा का महत्वड दुनियाभर में पहुंचाने के लिए हर साल 24 जनवरी को अंतरराष्ट्रीय शिक्षा दिवस के रूप में मनाया जाता है....संयुक्त राष्ट्र ने 03 दिसंबर 2018 को प्रस्ताव पारित करके 24 जनवरी को अंतरराष्ट्रीय शिक्षा दिवस घोषित करने का निर्णय लिया था... इसका उद्देश्य शान्ति व विकास में शिक्षा की भूमिका को रेखांकित करना है....अंतरराष्ट्रीय शिक्षा दिवस के लिए इस प्रस्ताव को नाइजीरिया समेत 58 अट्ठावन देशों ने तैयार किया था...

7. भारत में हर साल राष्ट्रीय मतदाता दिवस 25 जनवरी को मनाया जाता है...

भारत में प्रत्येक वर्ष 25 जनवरी को राष्ट्रीय मतदाता दिवस मनाया जाता है....राष्ट्रीय मतदाता दिवस मनाने का उद्देश्य युवाओं को मतदान के प्रति जागरूक करना है....मतदान करना प्रत्येक जिम्मेदार नागरिक का अधिकार है क्योंकि प्रत्येक वोट नई सरकार और लोकतंत्र के भाग्य का फैसला करता है. राष्ट्रीय मतदाता दिवस पहली बार 25 जनवरी 2011 को मनाया गया था...

8. प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार-2021 के लिए 32 बच्चों का चयन किया गया

प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार के लिए इस साल 32 बच्चों का चयन किया गया है. बच्चों को यह पुरस्कार नवाचार, खेल, कला, संस्कृति, बहादुरी और समाज सेवा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में उनके असाधारण प्रदर्शन और उपलब्धियों के लिए दिया जाता है....मंत्रालय के अनुसार कला एवं संस्कृति के लिए सात, नवाचार के लिए नौ, शिक्षा क्षेत्र में पांच, सात बच्चों को खेल, तीन को बहादुरी और एक बच्चे को समाज सेवा में उनके प्रयास के लिए सम्मानित किया जाएगा.

9. मध्य प्रदेश सरकार ने ‘पंख’ योजना को लॉन्च किया

मध्य प्रदेश सरकार ने राष्ट्रीय बेटी दिवस के उपलक्ष्य पर ‘पंख’ योजना को लॉन्च किया है. इस योजना को बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओं के अंतर्गत मुख्यमंत्री ने लॉन्च किया. इस योजना को लॉन्च करते हुए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पंख के अंग्रेजी शब्दों के स्टैंड की जानकरी दी. उन्होंने कहा कि पी -सुरक्षा, ए- जागरुकता (लड़िकयों के अधिकारों के बारे में जागरुकता) एन- पोषण, के- ज्ञान और एच- हेल्थ लिए स्टैंड करते हैं. यह सभी जरुरी चीजें इस योजना में शामिल है, ताकी सभी स्तर पर लड़कियां अपने अधिकारों के लिए लड़ सके. यह अभियान एक साल तक चलेगा.

10. कोलकाता की पहली ‘यंग रीडर्स बोट लाइब्रेरी’ लांच की गयी

पश्चिम बंगाल परिवहन निगम ने पहली यंग रीडर्स बोट लाइब्रेरी लॉन्च की है...इस लाइब्रेरी को एक हेरिटेज बुक स्टोर के सहयोग से लॉन्च किया गया है...इसे एक नाव पर लॉन्च किया गया है जो इस तरह की प्रथम पहल है.....बोट लाइब्रेरी हुगली नदी पर यात्रा करेगी.....यह लाइब्रेरी बच्चों को अंग्रेजी और बंगाली में 500 किताबों में से चुनने के लिए विकल्प प्रदान करेगी...यह बोट लाइब्रेरी लोगों को तीन घंटे की लंबी यात्रा प्रदान करेगी.....इस लाइब्रेरी की यात्रा मिलेनियम पार्क में शुरू होगी...यह बेलूर मठ जेट्टी की यात्रा करेगी और वापस लौटेगी.....यह नाव सप्ताह में तीन यात्राएं प्रदान करेगी....इसमें फ्री वाईफाई की सुविधा भी है....इस सवारी की कीमत वयस्कों के लिए 100 रुपये और बच्चों के लिए 50 रुपये होगी....

11. भारतीय वायुसेना में शामिल हुए तीन और राफेल फाइटर जेट्स

27 जनवरी को भारत को तीन राफेल लड़ाकू जेट की तीसरी खेप मिली। ये राफेल लड़ाकू विमान भारतीय वायु सेना के राफेल स्क्वाड्रन में शामिल हो गए हैं...यह फ्रांस से राफेल की तीसरी डिलीवरी है....भारत ने 36 राफेल फाइटर जेट खरीदने के लिए सितंबर 2016 में फ्रांस के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए थे...इस सौदे की कुल लागत उन्सठ 59,000 करोड़ रुपये है...इन तीन राफेल लड़ाकू विमानों के साथ, IAF की सूची में राफेल की संख्या बढ़कर 11 हो गई है...यह लड़ाकू विमान अंबाला में स्थित वायुसेना के एकमात्र राफेल स्क्वाड्रन की ताकत में वृद्धि करेंगे...राफेल जेट का पहला स्क्वाड्रन अंबाला एयरबेस से चालू होगा, दूसरा पश्चिम बंगाल के हाशिमारा में स्थित होगा, ताकि चीनी खतरे का मुकाबला किया जा सके। 5 राफेल जेट की पहली खेप 29 जुलाई, 2020 को अंबाला एयरबेस पर पहुंची थी... जबकि 3 राफेल सेनानियों की दूसरी खेप नवंबर 2020 में पहुंची...

हाल ही में राफेल लड़ाकू विमान पहली बार 2021 के गणतंत्र दिवस फ्लाईपास्ट में भी शामिल किया गया था...इन राफेल विमानों का निर्माण फ्रांसीसी विमान निर्माता डसॉल्ट एविएशन द्वारा किया गया है।

12. केरल में चींटी की नई प्रजाति ‘Ooceraea joshii’ खोजी गई

हाल ही में, भारत में एक दुर्लभ चींटी जीनस Ooceraea की दो नई प्रजातियों की खोज की गई है...यह प्रजातियां तमिलनाडु और केरल में खोजी गयी हैं....Ooceraea जीनस की नई खोजी गयी प्रजाति एंटेना सेगमेंट की संख्या के मामले में दूसरों से भिन्न है....इन दो चींटी प्रजातियों में से एक का नाम Ooceraea joshii रखा गया है... यह प्रजाति केरल के पेरियार टाइगर रिजर्व में पाई गई थी...इसका ``नाम प्रोफेसर अमिताभ जोशी के सम्मान में Ooceraea joshii रखा गया है....मौजूदा समय में Ooceraea जीनस की 14 प्रजातियां हैं और इसमें से 8 प्रजातियों में नौ-खंड वाले एंटीना हैं, जबकि 5 में ग्यारह खंडों वाले एंटीना हैं और 1 प्रजातियों में आठ खंडों वाले एंटीना हैं...यह दो नई चींटी प्रजातियां ऐसी पहली प्रजातियां हैं जिनके जीनस में दस खंडों वाले एंटीना हैं। उन्हें पंजाबी विश्वविद्यालय के प्रोफेसर हिमेंदर भारती के नेतृत्व में एक टीम द्वारा खोजा गया था...भारत में अब तक इस जीनस की दो प्रजातियां हैं; एक में नौ-खंड वाले एंटीना हैं और दूसरी में ग्यारह खंडों वाले एंटीना हैं....नई चींटी प्रजातियों की खोज को ‘ZooKeys’ जर्नल में प्रकाशित किया गया है....

तो इस सप्ताह के इण्डिया दिस वीक कर्यक्रम में इतना ही। परीक्षा के लिहाज़ से ज़रूरी और भी तमाम महत्वपूर्ण ख़बरों के लिए सब्सक्राइब कीजिए हमारे यूट्यूब चैनल ध्येय IAS को। नमस्कार।