संदर्भ:
हाल ही में स्पेसएक्स द्वारा चार निजी अंतरिक्ष यात्रियों की एक टीम को पृथ्वी की कक्षा में भेजा गया। इस ऐतिहासिक मिशन को फ्रैम-2 (Fram 2) नाम दिया गया है। इस मिशन की विशेषता यह है कि इसमें पहली बार मानव उत्तर और दक्षिण ध्रुवों के ऊपर से गुजरते हुए पृथ्वी की परिक्रमा करेंगे।
Fram2 मिशन के बारे में:-
31 मार्च 2025 को लॉन्च किया गया फ्रैम-2 मिशन, स्पेसएक्स द्वारा संचालित एक अग्रणी निजी मानव अंतरिक्ष यान है। इस मिशन ने पहली बार चिह्नित किया कि मानव ने उत्तरी और दक्षिणी दोनों ध्रुवों पर उड़ान भरते हुए ध्रुवीय कक्षा में यात्रा की है। मिशन के दौरान, वे कई वैज्ञानिक प्रयोग कर रहे हैं और पृथ्वी के ध्रुवीय क्षेत्रों की तस्वीरें ले रहे हैं।
मिशन के उद्देश्य:
वैज्ञानिक अनुसंधान : 22 प्रयोग आयोजित किए गए, जिनमें शामिल हैं :
· अंतरिक्ष में पहली बार ऑयस्टर मशरूम उगाने का प्रयास।
· पहली बार अंतरिक्ष में मानव शरीर का एक्स-रे करना।
· स्पेस मोशन सिकनेस (अंतरिक्ष में चक्कर आना) का अध्ययन।
· ओरोरा (ध्रुवीय रोशनी) और STEVE जैसी घटनाओं की तस्वीरें लेना।
ध्रुवीय कक्षा (Polar Orbit) क्या होती है?
ध्रुवीय कक्षा वह होती है जिसमें उपग्रह या अंतरिक्ष यान पृथ्वी के दोनों ध्रुवों के ऊपर से गुजरता है। यह कक्षा आमतौर पर पृथ्वी के भूमध्य रेखा के 90° झुकाव पर होती है।
ध्रुवीय कक्षा की मुख्य विशेषताएँ:
· झुकाव (Inclination): ध्रुवीय कक्षा का झुकाव भूमध्य रेखा से लगभग 90 डिग्री होता है। इसका मतलब है कि अंतरिक्ष यान ध्रुवों के ऊपर से होकर उत्तर-दक्षिण दिशा में परिक्रमा करता है।
· पृथ्वी का घूर्णन : जैसे-जैसे पृथ्वी अंतरिक्ष यान के नीचे घूमती है, यह उपग्रह या अंतरिक्ष यान को प्रत्येक परिक्रमा के दौरान पृथ्वी के विभिन्न भागों का निरीक्षण करने में मदद करता है, जिससे उपग्रह पृथ्वी की पूरी सतह को देखने में सक्षम हो सकता है।
· ऊँचाई : ध्रुवीय कक्षाएँ आमतौर पर कम ऊँचाई पर होती हैं, जो पृथ्वी की सतह से लगभग 200 किमी से लेकर 1,000 किमी तक होती हैं। इससे छवियों में बेहतर रिज़ॉल्यूशन और रुचि के क्षेत्रों पर अधिक बार गुजरने की सुविधा मिलती है।
· परिक्रमा अवधि : एक सामान्य ध्रुवीय कक्षा की परिक्रमा अवधि लगभग 90 से 120 मिनट होती है , जिसका अर्थ है कि यह इस समयावधि में पृथ्वी के चारों ओर एक पूर्ण परिक्रमा पूरी करती है।
ध्रुवीय कक्षा का उपयोग:
- पृथ्वी अवलोकन उपग्रह : राष्ट्रीय महासागरीय और वायुमंडलीय प्रशासन" (NOAA) के मौसम उपग्रह , NASA के पृथ्वी विज्ञान तथा वाणिज्यिक इमेजिंग उपग्रहों को अक्सर पृथ्वी की सतह की निरंतर निगरानी के लिए ध्रुवीय कक्षाओं में स्थापित किया जाता है।
- जलवायु और पर्यावरण निगरानी : ध्रुवीय कक्षाएँ दीर्घकालिक जलवायु डेटा एकत्र करने, ग्लेशियरों, जंगलों और पारिस्थितिकी तंत्र में परिवर्तन की निगरानी के लिए विशेष रूप से उपयोगी होती हैं।
- सैन्य जासूसी और निगरानी : कुछ सैन्य उपग्रहों को वैश्विक निगरानी और सैन्य जासूसी के लिए ध्रुवीय कक्षाओं में स्थापित किया जाता है, जिससे वे समय के साथ पृथ्वी के हर हिस्से का निरीक्षण कर सकें।
निष्कर्ष:
Fram2 मिशन निजी अंतरिक्ष अन्वेषण (Private Space Exploration) में एक बड़ा कदम है। यह मिशन न केवल अंतरिक्ष में मानव स्वास्थ्य को समझने में मदद करेगा, बल्कि पृथ्वी के ध्रुवीय क्षेत्रों (Polar Regions) के बारे में भी नई जानकारियाँ देगा।